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Wednesday, July 21, 2021

शहीद की मूर्ति को किया खंडित, गांव में बवाल होने पर सेवानिवृत एएसआई सहित दो को पकड़ा

शहीद की मूर्ति को किया खंडित, गांव में बवाल होने पर सेवानिवृत एएसआई सहित दो को पकड़ा

( झुंझुनूं सीकर अपडेट ) सीकर जिले के लक्ष्मणगढ़ उपखंड के रहनावा गांव में आज सुबह एक शहीद की प्रतिमा खंडित करने पर गांव में आक्रोश छा गया। करगिल शहीद दयाचंद जाखड़ की प्रतिमा शहीद के नाम की ही शहीद दयाचंद राजकीय उच्च माध्यमिक स्कूल में प्रवेश द्वार के सामने लगी थी। आरोप है कि सेवानिवृत एएसआई की शह पर एक मानसिक विक्षिप्त ने मूर्ति का सिर धड़ से अलग कर दिया। सूचना पर शहीद के परिजन व ग्रामीण मौके पर पहुंच गए और घटना को लेकर जमकर आक्रोश जताया। ग्रामीणों ने मूर्ति तोडऩे वालों को जल्द गिरफ्तार करने की मांग की। जमकर नारे भी लगाए। सूचना पर पुलिस उपाधीक्षक श्रवण सिंह झोरड़, तहसीलदार भीमसेन सैनी और बलारां थानाधिकारी बाबूलाल मीणा मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों को समझाने की कोशिश की। लेकिन, ग्रामीण आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होने तक आक्रोश जताते रहे। बाद में पुलिस ने संदेह के आधार पर आरोपियों को हिरासत में लिया तो ग्रामीण शांत हुए। इस दौरान सरपंच छाजूराम गढ़वाल, प्रताप सिंह, शहीद पुत्र अनुराग जाखड़, दीपेंद्र सिंह सहित कई लोग मौजूद रहे।

शहीद परिवार से अनबन रखता है आरोपी जानकारी के अनुसार मानसिक विक्षिप्त आरोपी 40 वर्षीय महावीर प्रसाद के साथ सुबह सेवानिवृत एएसआई भदेल सिंह स्कूल में गया था। जहां पीछे काम कर रहे कारीगरों से मिलकर वापस लौटते समय भदेल ने महावीर का उकसाकर मूर्ति तुड़वा दी। आवाज सुनकर कारीगर आए तो दोनों मूर्ति के पास खड़े थे। बताया जा रहा है कि भदेल सिंह की शहीद के परिवार से शुरू से ही अनबन है।

नई मूर्ति लगवाने की मांग घटना को लेकर ग्रामीणों ने प्रशासन से शहीद दयाचंद जाखड़ की नई मूर्ति लगवानेे व मूर्ति खंडित करने वाले अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग भी की है। ग्रामीणों का कहना है कि मामले में निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। जिन उपद्रवियों ने भी मूर्ति तोड़ी है उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।

ऑपरेशन विजय में हुए थे शहीद, मुख्यमंत्री ने किया था स्मारक का अनावरण लांस नायक शहीद दयाचंद जाखड़ 18 नवंबर 1987 को जाट रेजीमेंट में भर्ती हुए हुए थे। करगिल में ऑपरेशन विजय में 12 अगस्त 1999 को सुबह 7.30 उन्होंने अपनी जान देख के नाम कर दी थी। लांस नायक दयानंद के स्मारक का अनावरण मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने 27 जुलाई 2000 को किया था। जिसमें मुख्य अतिथि तात्कालिक उद्योग व सैनिक कल्याण मंत्री चंद्रभान व अध्यक्ष विधायक दीपेंद्र सिंह शेखावत रहे थे। इससे पहले तत्कालीन केंद्रीय ग्रामीण विकास राज्य मंत्री सुभाष महरिया ने 16 अप्रेल 2000 में स्मारक का शिलान्यास किया था।